रात के 11:50 बज रहे थे। आरव अपने ऑफिस से घर लौटने के लिए रेलवे स्टेशन पहुँचा। स्टेशन लगभग खाली था और चारों तरफ अजीब-सी खामोशी फैली हुई थी। ठंडी हवा के कारण प्लेटफॉर्म पर लगे पुराने पंखे अपने आप हिल रहे थे।
आरव ने टिकट खरीदा और बेंच पर बैठकर ट्रेन का इंतजार करने लगा। तभी स्टेशन के लाउडस्पीकर से घोषणा हुई कि उसकी ट्रेन अगले तीस मिनट में आएगी।
कुछ देर बाद उसकी नजर एक बूढ़े आदमी पर पड़ी। वह...